04/07/2020
आज 20 दिन हो चुके हैं लेकिन हर इंसान के दिल से जहन से ये बात नहीं जा रही है कि तुम जा चुके हो और सुबह उठते ही एक बार जरूर खयाल आता है, और दिन में , शाम में खयाल आते रहते हैं कि क्यों भाई ऐसा क्यों किया यार तुमने ????
रात को सोने से पहले एक बार जरूर खयाल आ जाता है कि क्यों यार तुमने इतनी बड़ी गलती कैसे कर ली ??
जबकि तुम ऐसा कर ही नहीं सकते ??
ऐसा क्या हो गया था ??
तुम ऐसा कैसे कर सकते हो ??
जबकि तम्हें पता था ज़िन्दगी खत्म करना ये एक बहुत बड़ी गलती है और कायरता है ??
तुमने किसी से बात क्यों नहीं की ??
Solution था हर बात का हल था
तुम्हे जिन बातों से तकलीफ थी तुम्हारा धैर्य "Patience" उस पर बेजोड़ तमाचा मार सकता था ।
वो परेशानियाँ जिन पर शायद तुम ध्यान दे रहे थे वो थोड़े टाइम के लिए ही थी तुम्हे पता था कि इनसे कहीं ज्यादा अच्छाई , अच्छी चीजें , अच्छा वक़्त तुम्हारा इंतज़ार कर रहा था ...
फिर क्यों यार क्यों , क्यों ये इतना बड़ा कदम उठा लिया?
तुम एक अच्छे इंसान थे तम्हें सब पता था, की ये जो कुछ भी हो रहा है वो बस महज एक समय के लिए है , ये व्यवहार, ये बातें, ये काम और ज़िन्दगी के बीच उतार चढ़ाव ये सब बस एक हिस्सा है आगे बढ़ने का सीखने का
फिर क्यों यार क्यों तुमने आगे बढ़ने को नहीं चुना
क्यों ये नहीं सोचा कि तुम आगे अपने काम से और अच्छा जबाब दे सकते हो उस बुराई को जो तुम्हारे सामने आ रही थी ।
अच्छाई और बुराई हमेशा हर जगह होती है बस फर्क सिर्फ इतना सा ही होता है कि हम किसे चुनते है और बुराई को कितनी सहजता के साथ माफ करते है ।
तुमने क्यों नहीं सोचा यार की तुम्हारा जाना कितना बड़ा दुख और झटका हो सकता है उनके लिये भी जो बहुत मेहनत और सकारात्मकता से इस फील्ड में आगे बढ़ रहे हैं तुम्हारी तरह ही एक अच्छा कलाकार और अच्छा इंसान बनने के लिए।
तुम्हारी इस गलती करने से तो अच्छा होता कि तुम ये सब काम धाम छोड़ के अपने परिवार के पास जाते उनके साथ रहते, उनसे बातें करते , उन्हें प्यार करते ...
ऐसे कई हज़ारों सवाल खड़े कर दिए हैं जो लोग रोज़ खुद से ही पूछते रहते है अब तुम्हे याद करते हुए ।
कोशिश एक ऐसा समाधान है जीवन में जिससे आप किसी भी परिस्थिति में अपने आप को बाहर निकाल सकते हो और एक ऐसा साथी है जो कहीं न कहीं हर इंसान की ज़िंदगी मे बड़ा साथ दे रहा है ....
तुमनें वो भी नहीं सोचा यार...
इस दुनिया मे अच्छे इंसानों की बहुत कमी है और तुमने ऐसे अचानक जाके अच्छा नहीं किया यार..
तनाव हर किसी की ज़िंदगी मे कहीं न कहीं कभी न कभी आता ही है its a part of human nature.
लेकिन ...
*तनाव के उन क्षणों में मजबूत लोग भी आत्महत्या कर लेते हैं..*
वो लोग जिनके पास सब कुछ है ..
*शान ... शौकत ... रुतबा ... पैसा .. इज्जत*
इनमें से कुछ भी उन्हें नहीं रोक पाता ..
तो फिर क्या कमी रह जाती है ???
*कमी रह जाती है उस ऊँचाई पर एक अदद दोस्त की*
*कमी होती है उस मुकाम पर एक अदद राजदार की*
एक ऐसे दोस्त की जिसके साथ *"चांदी सोने के कपों"* में नहीं ,
*किसी छोटी सी चाय के दुकान पर भी बैठ सकते ..*
जो उन्हें बेतुकी बातों से जोकर बन कर हंसा पाता ...
वह जिससे अपनी दिल की बात कह हल्के हो सके..
वह जिसको देखकर
अपना स्ट्रेस भूल सके
*वह दोस्त*
*वह यार*
*वह राजदार*
*वह हमप्याला*
उनके पास नहीं होता
जो कह सके तू सब छोड़ ... *चाय पी मैं हूं ना तेरे साथ ...*
और आखिर में यही मायने कर जाता है...
सारी दुनिया की धन दौलत एकतरफ...सारा तनाव एक तरफ ..
*वह दोस्त वह एक तरफ !!!*
*लेकिन अगर आपके पास वह दोस्त है वह यार है*
*तो कीमत समझिये उसकी...*
चले जाइए एक शाम उसके साथ चाय पर ...
जिंदगी बहुत हसीन बन जाएगी......
*याद रखिए आपके तनाव से यदि कोई लड़ सकता है तो वो है आपका दोस्त और उसके साथ की एक कप गर्म चाय !!!*
*सभी दोस्तों को समर्पित ।*
🙏 * 🙏